ॐ जय जगदीश हरे | Om Jai Jagdish Hare Aarti | Yash Thakur 7739 | पूर्ण लिरिक्स विष्णु जी की आरती [zmeP1rjoDcu]

ॐ जय जगदीश हरे | Om Jai Jagdish Hare Aarti | पूर्ण लिरिक्स हिंदी में | विष्णु जी की आरती 2026 🙏Hari om Narayan Namah 🙏 यह भगवान विष्णु की सबसे प्रसिद्ध आरती "ॐ जय जगदीश हरे" है, जो हर घर-मंदिर में गाई जाती है। पंडित श्रद्धाराम शर्मा द्वारा रचित यह आरती सुख-शांति, समृद्धि लाती है। नियमित गायन से मानसिक तनाव दूर होता है, पारिवारिक सुख बढ़ता है और भगवान की कृपा प्राप्त होती है।[web:58][web:63] 🕉️ आरती के लाभ: - मन की शांति और सकारात्मक ऊर्जा - घर में सुख-समृद्धि - पाप-कष्ट नाश, भक्ति वृद्धि - पूजा-अनुष्ठान में विशेष महत्व[web:60][web:62] 📖 पूर्ण लिरिक्स टाइमलाइन (Lyrics with Timestamps): 00:00 - ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी जय जगदीश हरे, भक्त जनों के संकट दास जनों के संकट, क्षण में दूर करे 00:45 - जो ध्यावे फल पावे, दुःख बिनसे मन का, स्वामी दुःख बिनसे मन का, सुख संपत्ति घर आवे, कष्ट मिटे तन का 01:30 - मात पिता तुम मेरे, शरण गहूँ मैं किसकी, स्वामी शरण गहूँ मैं किसकी, तुम बिन और न दूजा, आस करूँ जिसकी 02:15 - तुम पूरण परमात्मा, तुम अंतर्यामी, स्वामी तुम अंतर्यामी, पारब्रह्म परमेश्वर, तुम सबके स्वामी 03:00 - तुम करुणा के सागर, तुम पालनकर्ता, स्वामी तुम पालनकर्ता, मैं मूरख खल कामी, कृपा करो भर्ता 03:45 - तुम हो एक अगोचर, सबके प्राणपति, स्वामी सबके प्राणपति, किस विधि मिलूँ दयामय, तुमको मैं कुमति 04:30 - दीनबंधु दुखहरता, ठाकुर तुम मेरे, अपने हाथ उठाओ, द्वार पड़ा तेरे 05:15 - विषय विकार मिटाओ, पाप हरो देवा, स्वामी पाप हरो देवा, श्रद्धा भक्ति बढ़ाओ, संतन की सेवा[web:39][web:62] पूजा विधि: सायंकाल दीप जलाकर गाएं। घी का दीपक, अगरबत्ती, चंदन लगाएं। परिवार संग गाने से बंधन मजबूत होते हैं। 🌹पूर्ण आरती लिरिक्स🌹 👉ॐ जय जगदीश हरे। स्वामी जय जगदीश हरे। भक्त जनों के संकट दासजन के संकट क्षण में दूर हरे। ॐ जय जगदीश हरे। जो ध्यावे फल पावे। दुःख बिनसे मन का। सुख संपत्ति घर आवे। कष्ट मिटे तन का। ॐ जय जगदीश हरे। मात पिता तुम मेरे। शरण गहूँ मैं किसकी। तुम बिन और न दूजा। तुम बिन और न दूजा। आस करूँ जिसकी। ॐ जय जगदीश हरे। तुम पूरण परमात्मा। तुम अंतर्यामी। पारब्रह्म परमेश्वर। तुम सबके स्वामी। ॐ जय जगदीश हरे। तुम करुणा के सागर। तुम पालनकर्ता। मैं मूरख खल कामी। कृपा करो भर्ता। ॐ जय जगदीश हरे। तुम हो एक अगोचर। सबके प्राणपति। किस विधि मिलूँ दयामय। तुमको मैं कुमति। ॐ जय जगदीश हरे। दीनबंधु दुखहरता। ठाकुर तुम मेरे। अपने हाथ उठाओ। द्वार पड़ा तेरे। ॐ जय जगदीश हरे। विषय विकार मिटाओ। पाप हरो देवा। श्रद्धा भक्ति बढ़ाओ। संतन की सेवा। ॐ जय जगदीश हरे। 👍 लाइक करें, 🔔 सब्सक्राइब करें Yash Thakur 7739 को अधिक भजन-अरती के लिए! 💬 कमेंट में अपनी मनोकामना बताएं। 📱 शेयर करें व्हाट्सएप/फेसबुक पर। 👉अधिक भजन: प्लेलिस्ट 👉चैनल: 🙏Har Har Shambhu kusheshwar Baba:-🙏महामृत्युंजय मंत्र शिव आरती:-🙏ॐ जय शिव ओंकारा शिव आरती:-🙏🙏काल भैरव अष्टकम मंत्र:-🙏बाबा कुशेश्वर धाम से शिवलिंग दर्शन:-🙏बाबा कुशेश्वर नाथ शिवलिंग इतिहास:-🙏Bholenath ke bhajan:-🙏जलभरी अइलो बाबा कुशेश्वर धाम यो:-🙏शिव आरती प्रथम कुशेश्वर बाबा:-🙏पूरब से ओम नमः शिवाय:-🙏सावन विशेष गीत 2026:-#OmJaiJagdishHare #VishnuAarti #AartiLyrics #Bhajan #HindiAarti #YashThakur7739 #BhaktiSongs #VishnuJiKiAarti #AartiWithLyrics #DailyPuja #SanatanDharma #HinduBhajan #Aarti2026 #OmJaiJagadish AartiLyrics, Bhajan, BhaktiSongs, Daily Morning Aarti, DailyPuja, EveningAarti, HindiAarti, HindiBhajan, Om Jai Jagdish Hare Full Aarti, OmJaiJagadishHare, SanatanDharma, VishnuAarti, VishnuJiKiAarti, aarti lyrics, aarti songs, bhakti geet, daily aarti, daily puja, evening aarti, hindi bhajan, om jai jagdish, om jai jagdish hare, om jai jagdish hare aarti, om jai jagdish hare ki aarti, spiritual aarti, vishnu, vishnu aarti, vishnu bhajan, yash thakur7739, सबसे ज्यादा सुनी जाने वाली आरती